फुठी कोठी

सन 1884 में ही इंदौर में हवा महल नामक मजबूत चट्टानी मोटी-मोटी दीवारों के साथ बनवाना प्रारंभ हुआ | इस महलनुमा किले को महाराजा इतना ऊँचा बनाना चाहते थे कि उपरी मंजिल कि छत पर तोपे जमाकर के यही से अंग्रेजो कि महू स्थित छावनी को नेस्तनाबूत किया जा सके | अंग्रेज ए.जी.जी. व गुप्तचरो [...] Continue reading →

इंदौर में सिनेमा

देश के फ़िल्मी नक़्शे में इंदौर महानगर का महत्वपूर्ण स्थान हमेशा से रहा है | तीस सिंगल स्क्रीन सिमटकर भले ही गिनती की रह गई है , पर इस घाटे को इंदौर में मल्टीप्लेक्स ने पूरा कर दिया है | इंदौर में सिनेमा कैसे आया, इसकी भी एक अलग कहानी है | 7 जुलाई, 1896 [...] Continue reading →

इंदौर सिटी बस स्टॉप

इंदौर परिवहन पर हमने पहले भी एक लेख लिखा था | इंदौर में आने जाने के लिए सबसे उपयुक्त परिवहन का साधन सिटी बस के सभी रूटों की जानकारी दे रहे है [swf src="http://www.citybusindore.com/flash/buscolor.swf" width=580 height=100] रूट न. 1- पंचवटी से तेजाजी नगर –पंचवटी, देवास नाका, शालीमार टाउनशिप, स्कीम न. 78, सत्य साईं चौराहा, विजय [...] Continue reading →

इंदोरी होली

इंदौर की खूबसूरती बढ़ाने में इन्दोरियो की तासीर और रंगीन मिजाजी बहुत महत्वपूर्ण है | होली पुरे देश में जोश के साथ मनाई जाती है | इंदौर में होली के इस धार्मिक पर्व को बड़े ही हर्षोउल्लास के साथ मनाया जाता है और इस समय पर गेर निकाली जाती है | जिसमे शहर के सभी [...] Continue reading →

टंट्या भील

खंडवा जिले की पंधाना तहसील के बडदा में 1842 में भाऊसिंह के यहाँ एक बालक ने जन्म लिया, जो अन्य बच्चो से दुबला-पतला था | निमाड में ज्वार के पौधे को सूखने के बाद लंबा, ऊँचा, पतला होने पर ‘तंटा’ कहते है इसीलिए ‘टंट्या’ कहकर पुकारा जाने लगा | टंट्या की माँ बचपन में उसे [...] Continue reading →

इंदौर की झांकिया

पिछले लेख में हमने इंदौर की झाकियो के बारे में लिखा था जी हां वही झांकिया जो कि इंदौर कि कपडा मिलो द्वारा अनंत चतुदर्शी के दिन चल समारोह के रूप में निकाली जाती है| इंदौर में झाकियो कि शुरुवात ८६ वर्ष पहले हुई थी| तब सबसे पहले हुकमचंद मिल कि झाकी निकाली गई थी, [...] Continue reading →

सेंट्रल जेल, जेल रोड और इन्दौर

तत्कालीन वायसराय लार्ड डफरिन १८८५ में डेली प्रिंसेस कालेज का उद्घाटन करने पधारे थे | उस समय जब लालबाग पेलेस में उनका सम्मान किया गया तो उन्होंने महाराजा तुकोजीराव द्वितीय के प्रशासनिक कार्यों की समीक्षा करते हुए इंदौर स्थित जेल का जिक्र किया था जो १८७७ में बनी थी | कारण था कि इस जेल [...] Continue reading →

मशहूर हस्तिया

इंदौर के कुछ प्रमुख हस्तियों की एक सूची प्रदान की जा रही है अगर आपको लगता है इसमें किसी को नहीं लिया गया है तो सूचित करे: शासक  और अन्य मशहूर हस्तिया देवी अहिल्या बाई होलकर, आप को सबसे ज्यादा प्रसिद्ध शासक माना जा सकता है आपने देश भर में कई मंदिर, कुए, और धर्मशालाए [...] Continue reading →

इंदौर का खान-पान

खाने के मामले में इन्दोरियो का कोई सानी नहीं है | वह चाहे जलेबी-पोहा हो, चाट पकोडे हो, या फिर मुंग का हलवा हर तरह के व्यंजन को पसंद करने वाले इंदौर में रहते है | यहाँ हर गली या क्षेत्र में ऐसा एक कोना होता है जहा खाने-पीने का सामान मिलता है | हमने [...] Continue reading →

गांधीजी की घडी

अमेरिका में नीलामी के पश्चात राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की पांच निशानियां विजय माल्या ने खरीद ली हैं यह सब आप लोग तो जानते ही होंगे। इनमें एक जेब घड़ी भी शामिल है, जो इंदौर में बनी थी। घड़ी निर्माता एम. एम. कस्तूरे ने 11 जून 1947 को यह घड़ी गांधी जी को भेंट की थी। [...] Continue reading →